दिल्ली में सूर्योदय | ज्ञान के सूर्य शिवबाबा के लिए |
दुनिया के सब लोगों के प्रति शिवबाबा का सन्देश और ज्ञान |ब्रह्मा कुमारियों के द्वारा ज्ञान के व्यभिचार
ब्रह्मा कुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय, अंतर्राष्ट्रीय सस्था, पहले इस मार्ग के स्टूडन्ट थे | उन्होंने शिवबाबा के ज्ञान को छोड़ दिया और उस ज्ञान को व्यभिचार कर दिया | ब्रह्मा कुमारियों ने अनुक्रम और प्रशासन की प्रणाली बनायी जिसके केंद में ब्रह्मा की पूजा, उनके चित्रों की पूजा, त्यौहार, वार्षिकोत्सव, खाना बनाना और खाना, समारोह, फैशन आदि अर्थात देह की पूजा है | उन्होने शिवबाबा को अपने घर (माउंट आबू ) से निकाल दिया और वहां स्पा तैयार किया जहां सारी दुनिया से लाखों लोग आते हैं | ब्रह्मा कुमारियाँ उन लोगों को दादी गुलज़ार में आते ब्रह्मा बाबा की पूजा कराकर सब को बताते हैं कि शिवबाबा मार गए और अभी दादी गुलज़ार में भगवान स्वयं आते हैं | इन दिनों दुनिया के पत्रकारों और शीधकों ने इसके बारे में लिखना शुरू किया | नीचे उदाहरण दिए हैं
Articles in Hindiमाउंट आबू से ब्रह्मा द्वारा परमपिता शिव की श्रीमत और ब्रह्माकुमारियों द्वारा उसका उल्लंघन
एक अनोखा रहस्य – ब्रह्माकुमारियाँ शंकरजी को क्यों नहीं मानती?
ब्रह्माकुमारियों द्वारा अंधश्रध्दायुक्त भक्तिमार्ग की रिहर्सल- 1
ब्रह्माकुमारियों द्वारा अंधश्रध्दायुक्त भक्तिमार्ग की रिहर्सल- 2
शिवबाबा – बाप शिक्षक सदगुरु से मिलन
Articles in English